मेरे ससुर बिना स्टेंट और बाईपास सर्जरी से हुये स्वस्थ आयुष कार्डियोलॉजी चित्रकूट से !!


राजेन्द्र कुमार गौतम (एडवोकेट) और उनके ससुर जी छोटे लाल पाण्डेय 

            मैं एक सरकारी वकील पद में हूँ। मेरे ससुर श्री छोटेलाल पाण्डेय, उम्र ७५ वर्ष को अगस्त २०१९ में सीने के नीचे हल्का सा दर्द हुआ तो वहीं पास के एक डॉक्टर से दवायें दिला दी लेकिन नवम्बर में ३-४ दिन बुखार आ गया तो गाँव के ही डॉक्टर से अंग्रेजी दवायें लेकर खा लीं, १५ नवम्बर को अचानक रास्ते में ही सीने में बहुत तेज दर्द उठा वह वहीं रास्ते में ही बैठ गये और तभी एक व्यक्ति उन्हें पास के ही एक डॉक्टर के पास ले गया उस डॉक्टर ने कुछ अंग्रेजी दवायें दीं और इंजेक्शन लगाया, लेकिन कुछ भी आराम नहीं मिला। फिर उस व्यक्ति ने मुझे फोन किया और सभी समस्यायें बतायीं, मैं तुरन्त ससुर जी के पास पहुँचा उनकी दशा देखकर समझ गया कि इन्हें दिल का दौरा है। मैं तुरन्त वहाँ से उन्हें प्रयागराज ले गया और उन्हें डॉ. मनोज भार्गव को दिखाया सारी समस्यायें बतायीं, उन्होंने कुछ दवायें दीं और ईसीजी जाँच करवाया, जाँच आने के बाद डॉक्टर भार्गव ने मुझे बुलाकर कहा कि आप जितनी जल्दी हो सके इन्हें दूसरे अस्पताल ले जाओ। तब मैं इन्हें सरस्वती हार्ट केयर ले गया, वहाँ डॉ.डी.के. अग्रवाल ने तुरन्त आईसीयू में भर्ती किया और ३ दिन तक आईसीयू में रखने के बाद भी २४ घण्टे में फिर से सीने में बहुत दर्द हुआ तो उन्होंने कुछ और दवायें दीं और इंजेक्शन लगाये, फिर उनकी एंजियोग्राफी करवायी, रिपोर्ट के बाद डॉ. अग्रवाल जी ने बताया कि आपके ससुर जी के हार्ट में ३ ब्लॉकेज हैं और इन ब्लॉकेज के लिए रिंग डलवानी होगी।



            मैंने कहा कि रिंग डालने से कितने दिन तक ठीक रहेंगे, उन्होंने कहा कि यह कुछ नहीं कहा जा सकता ७५ साल उम्र है। रिंग डालने के बाद फिर ब्लॉकेज होते हैं। यह सारी बात मैंने फोन पर घर में बतायी। तो मेरे बड़े भाई पंचायत सचिव विद्यार्थी गौतम ने कहा कि जब मैं पिता जी को लेकर रीढ़ के इलाज के समय जब आयुष ग्राम चित्रकूट में रहा तो देखा कि वहाँ हार्ट के कई रोगी बाईपास और स्टेंट से बचाये जा रहे हैं। आप इन्हें चित्रकूट की आयुष कार्डियोलॉजी में लेकर जायें। मैंने ससुर साहब को वहाँ से डिस्चार्ज करवा लिया।

            मैं अपने ससुर जी को २२ नवम्बर २०१९ के दिन आयुष ग्राम ट्रस्ट, चित्रकूट लेकर पहुँचा। रजिस्ट्रेशन करवाया फिर मेरा नम्बर आने पर मुझे हार्ट, किडनी, रीढ़ चिकित्सा विभाग की ओपीडी में डॉक्टर मदनगोपाल वाजपेयी जी के पास बुलाया गया। उन्होंने जाँचें देखीं और बोले कि आप परेशान न हों, न तो इनका ऑपरेशन होगा न दिल का दौरा पड़ेगा और न सीने का दर्द होगा। आयुष में इतनी प्रभावकारी यहीं से बनीं दवायें हैं। इन्हें यहाँ १० दिन के लिए रखना होगा हम सब सम्हाल लेंगे। कुछ थैरापी, लेप और स्नेहन देंगे। हम उन्हें लेकर चित्रकूट में रह गये।



            जिस दिन मेरे ससुर जी चित्रकूट में आये तब बहुत समस्यायें थीं। सीने में दर्द, भोजन निगलने में समस्या, खाँसी, श्वास लेने में समस्या, ठीक से पेट साफ नहीं हो पा रहा था और घबराहट।
            १० दिन में ही उनकी सारी अंग्रेजी दवायें बन्द हो गयीं और पर्याप्त आराम मिला, कोई अटैक नहीं, कोई दर्द नहीं। १० दिन के बाद १ माह की दवायें लिखी गयीं और परहेज बताकर डिस्चार्ज कर दिया गया। आयुष ग्राम ट्रस्ट द्वारा हार्ट रोगियों के लिए एक हेल्पलाइन नम्बर दिया जाता है कि कोई दिक्कत आये तो इस नम्बर पर फोन करें। पर कोई दिक्कत आयी नहीं।



            १ माह की घर पर दवा सेवन के बाद मैं आज यहाँ पुन: उन्हें लेकर आया हूँ मेरे ससुर जी को पर्याप्त आराम है सिर्फ खाँसी है मौसम परिवर्तन से बस।
            सच में आयुष कार्डियोलॉजी चित्रकूट की इतनी अच्छी हार्ट की चिकित्सा, अंग्रेजी अस्पतालों में नहीं है यह मैंने देखा। १ माह में पहले जैसे हो गये जबकि उम्र ७५ साल है। मैं तो यही कहता हूँ कि यदि किसी को भी डॉक्टर हार्ट या रीढ़ के ऑपरेशन की सलाह दें तो आयुष ग्राम चित्रकूट में एक बार सलाह जरूर लें। 


राजेन्द्र कुमार गौतम (एडवोकेट),
मेरे ससुर जी का पता- चिल्ला खुर्द, रीवा (म.प्र.)


आयुष ग्राम ट्रस्ट का उद्देश्य! हार्ट रोगियों की सेहत!!


डॉ. मदन गोपाल वाजपेयी
डॉ. मदन गोपाल वाजपेयी एक प्रख्यात आयुर्वेद विशेषज्ञ हैं। शास्त्रीय चिकित्सा के पीयूष पाणि चिकित्सक और हार्ट, किडनी, शिरोरोग (त्रिमर्म), रीढ़ की चिकित्सा के महान आचार्य जो विगड़े से विगड़े हार्ट, रीढ़, किडनी, शिरोरोगों को शास्त्रीय चिकित्सा से सम्हाल लेते हैं । आयुष ग्राम ट्रस्ट चित्रकूटधाम, दिव्य चिकित्सा भवन, आयुष ग्राम मासिक, चिकित्सा पल्लव और अनेकों संस्थाओं के संस्थापक ।

इनके शिष्यों, छात्र, छात्राओं की लम्बी सूची है । आपकी चिकित्सा व्यवस्था को देश के आयुष चिकित्सक अनुशरण करते हैं ।

डॉ. अर्चना वाजपेयी

डॉ. अर्चना वाजपेयी एम.डी. (मेडिसिन आयु.) में हैं आप स्त्री – पुरुषों के जीर्ण, जटिल रोगों की चिकित्सा में विशेष कुशल हैं । मृदुभाषी, रोगी के प्रति करुणा रखकर चिकित्सा करना उनकी विशिष्ट शैली है । लेखन, अध्ययन, व्याख्यान, उनकी हॉबी है । आयुर्वेद संहिता ग्रंथों में उनकी विशेष रूचि है ।


सरकार आयुष को बढ़ाये मानव का जीवन बचाये!!
     सरकार को फिर से भारत में अंग्रेजी अस्पताल और अंग्रेजी मेडिकल कॉलेजों की जगह अच्छे और समृद्ध आयुष संस्थान खोलने चाहिए तथा उनसे पूरी क्षमता से कार्य लेना चाहिए। इससे भारत का मानव हार्ट के ऑपरेशनछेड़छाड़ स्टेंट और डायलिसिस जैसी स्थितियों से बचकर और हार्ट को स्वस्थ रख सकेगा। क्योंकि हार्ट के रोगी पहले भी होते थे आज भी होते हैं और आगे भी होते रहेंगे। जिनका सर्वोच्च समाधान आयुष में है। आयुष ग्राम चित्रकूट एक ऐसा आयुष संस्थान है जहाँ ऐसे-ऐसे रस-रसायनों/ औषध कल्पों का निर्माण और संयोजन करके रखा गया है जो जीवनदान देते हैं। पंचकर्म की व्यवस्था एम.डी. डॉक्टरों के निर्देशन में हो रही हैपेयाविलेपीयवागू आदि आहार कल्पों की भी पूरी उपलब्धता है इसलिये यहाँ के ऐसे चमत्कारिक परिणाम आते हैं।

आयुष ग्राम ट्रस्ट चित्रकूट द्वारा संचालित
   
आयुष ग्राम चिकित्सालय:चित्रकूट 
   मोब.न. 9919527646, 8601209999
 website: www.ayushgram.org



  डॉ मदन गोपाल वाजपेयी        आयुर्वेदाचार्यपी.जी. इन पंचकर्मा (V.M.U.) एन.डी.साहित्यायुर्वेदरत्न,विद्यावारिधि (आयुर्वेद)एम.ए.(दर्शन),एम.ए.(संस्कृत )
 प्रधान सम्पादक चिकित्सा पल्लव
                                  
डॉ अर्चना वाजपेयी                              एम.डी.(कायचिकित्सा) आयुर्वेद 

डॉ परमानन्द वाजपेयी                                                                   आयुर्वेदाचार्य



डॉ आर.एस. शुक्ल                                                                           आयुर्वेदाचार्य 




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